तेलंगाना में भीषण गर्मी और हीटवेव (लू) का कहर लगातार जारी है। इससे राज्य में अब तक 16 लोगों की मौत हो गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, सरकार ने मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है। राजस्व मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने बताया कि सात जिलों में ये मौतें दर्ज की गई है। शनिवार को तेलंगाना के राजस्व मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने अधिकारियों के साथ एक बैठक की। इस बैठक में हीटवेव की वजह से पैदा हुए हालात पर चर्चा हुई। तेलंगाना के सात जिलों में गर्मी के मौसम में अब तकलू लगने से 16 लोगों की मौत हो चुकी है। सरकार ने मृतकों के परिजनों को 4 लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है। आंध्र प्रदेश में 319 हीट स्ट्रोक के मामले सामने आए हैं।
सबसे ज्यादा चार मौतें जयशंकर भूपालपल्ली जिले में दर्ज की गई हैं। इसके अलावा वारंगल अर्बन, करीमनगर और निजामाबाद जिलों में तीन-तीन लोगों की मौत हुई है। वहीं जोगुलांबा गडवाल, रंगारेड्डी और सूर्यापेट जिलों में एक-एक मौत की सूचना मिली है। एक अधिकारी ने बताया कि विभिन्न जिलों से अब तक करीब 34 लोगों की मौत की अनौपचारिक जानकारी मिली है। लेकिन जिला प्रशासन ने अभी यह पुष्टि नहीं की है कि सभी मौतें हीट स्ट्रोक की वजह से हुई हैं।
राज्य सरकार ने मृतकों के परिवारों को चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। राजस्व मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुआवजे की प्रक्रिया में किसी प्रकार की देरी न हो और प्रभावित परिवारों को जल्द सहायता उपलब्ध कराई जाए।
मंत्री रेड्डी ने कहा कि एल नीनो के प्रभाव के कारण राज्य में तापमान खतरनाक स्तर तक पहुंच गया है। जिससे हीटवेव की स्थिति और गंभीर हो गई है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वो अत्यधिक तापमान वाले गांवों की पहचान करें और मीडिया, सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से उन गांवों में गर्मी के बारे में चेतावनी जारी करें। मौसम विभाग पहले ही लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने, ज्यादा पानी पीने और धूप से बचाव करने की सलाह दे चुका है।
