रायपुर। सीएम साय ने रायपुर के एम्स अस्पताल पहुंचकर प्रसिद्ध पंडवानी गायिका पद्म विभूषण डॉ. तीजन बाई को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने उनके पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। सीएम के साथ मंत्रिमंडल के कई सदस्य भी मौजूद थे। सभी ने दिवंगत लोककलाकार को श्रद्धांजलि देते हुए उनके परिजनों से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की।
प्रसिद्ध पंडवानी गायिका पद्म विभूषण डॉ. तीजन बाई का आज सुबह रायपुर एम्स अस्पताल में निधन हो गया है। उन्होंने 72 की उम्र में दुनिया को अलविदा कह दिया है। वह लंबे समय से बीमार थी। रविवार सुबह करीब 3:15 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली.
उन्होंने लोक कला और पंडवानी को वैश्विक पहचान दिलाई। महाभारत की कथाओं को अपनी दमदार आवाज़, अभिनय और प्रभावशाली प्रस्तुति के माध्यम से उन्होंने जीवंत बनाया। उनकी कला से भारत सहित एशिया, यूरोप, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया सहित अनेक देशों के दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। उनके प्रयासों से छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति को अंतरराष्ट्रीय मंच पर विशेष सम्मान मिला।
भारतीय लोककला में उनके अतुलनीय योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें 1988 में पद्मश्री, 2003 में पद्म भूषण और 2019 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया। इसके अलावा उन्हें संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार, नृत्य शिरोमणि, कला शिरोमणि समेत कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हुए। विभिन्न विश्वविद्यालयों ने उन्हें मानद डी.लिट. (डॉक्टरेट) की उपाधि से भी सम्मानित किया था।
डॉ. तीजन बाई का निधन छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत के लिए एक अपूरणीय क्षति माना जा रहा है। उन्होंने अपनी अद्भुत प्रतिभा और अथक साधना से पंडवानी को गांव की चौपाल से निकालकर विश्व मंच तक पहुंचाया। उनके जाने से लोककला जगत ने अपना एक अमूल्य नक्षत्र खो दिया है।
